हरिद्वार स्थित बिल्लेश्वर मंदिर में सोमवार को कार्तिक शुक्लपक्ष की त्योदशी तिथि पर हुआ विशाल भंडारे का आयोजन,रश्मि चौधरी सहित गणमान्यों ने पूजा-अर्चना कर किया प्रसाद ग्रहण,,,
हरिद्वार।
देवों के देव महादेव जी की पूजा के लिए त्रयोदशी तिथि और सोमवार का दिन अत्यंत ही शुभ और फलदायी माना गया है।तीन नवंबर सोमवार को कार्तिक शुक्लपक्ष की त्रयोदशी तिथि पर की जाने वाली भगवान शिव जी की पूजा-अर्चना व अभिषेक करने से मनचाहा वरदान प्राप्त होता है।ये विचार बिल्बवेश्वर मंदिर के पुजारी पुरूषोत्तम वन ने एक रुद्राभिषेक पूजा के दौरान व्यक्त किए।उन्होंने कहा कि भगवान शिव जी कल्याणकारी देव हैं।सोमवार कि दिन पड़ने से प्रदोष व्रत का पुण्यफल कई गुना ज्यादा बढ़ जाता है,इस दिन विधिपूर्वक पूजन-अर्चन करने से व्यक्ति के सभी मनोरथ सिद्ध होते हैं तथा उसके समस्त पापों का क्षय हो जाता है।कहा कि जो व्यक्ति विधिपूर्वक पूजन-अर्चन व अभिषेक न कर सके तो एक लोटा जलमात्र भगवान का अर्पित करने से ही उसको अभिष्ट फल की प्राप्ति होती है,इस कारण ही भगवान शिव जी को जलधारा अति प्रिय है।भगवान को भोलेनाथ भी कहा जाता है,इसी कारण से भगवान शिव अतिशीघ्र प्रसन्न हो जाते हैं।ललितानंद जी महाराज ने कहा कि भगवान शिव जी की आराधना करने से भक्तों के सभी कष्ट दूर होते हैं।भगवान शिव जी के मंदिर में भंडारा करने से रोग तथा समस्त बीमारियों का निवारण भी होता है और भगवान शिव जी के साथ शक्ति का भी आशीर्वाद प्राप्त होता है।आयु बढ़ती है तथा जीवन में आने वाली समस्त बाधाएं दूर हो जाती है।संपादक रजत चौहान ने भंडारा किए जाने के मौके पर कहा कि भगवान शिव जी की कृपया से ही मुझ पर तथा मेरे परिवार पर उनकी अपार कृपा है और उन्हीं के आशीर्वाद से मैं यह सब कार्य कर पाता हूं।वरिष्ठ भाजपा नेत्री तथा राज्य महिला आयोग की पूर्व सदस्य रश्मि चौधरी भी भंडारे के आयोजन पर मंदिर पहुंची,जहां उन्होंने पूजा-अर्चना की तथा भगवान शिव का आशीर्वाद लिया और भंडारे में भाग लिया।सुनील शेट्टी,सुनील बत्रा,रजनीकांत शुक्ल,गगन कुमार,इमरान देशभक्त,भोला शर्मा,संजय चौहान,राकेश चौहान,बालवीर चौहान,आकाश शर्मा,राजेश कुमार,ऋषभ चौहान,चिराग कुमार,सन्नी चौहान,विशाल कुमार,दिलीप कुमार,गौरव चौटाला,राजू कुमार,देवी दत्त,राजदुलारी,सोनिया चौहान,उषा चौहान,रोहणी चौहान,मानसी चौहान,प्रिया चौहान
आदि बड़ी संख्या में भक्तजनों ने भंडारे में पहुंचकर प्रसाद ग्रहण किया।

