सीईओ वक्फ बोर्ड पद पर नियुक्त मौहम्मद आरिफ की नियुक्ति में ग्रेड पे को लेकर जानकार लोगो मे चर्चा व्याप्त,,,
योग्यता की बात हो तो अनुसचिव की बजाय वक्फ एक्ट के अनुसार संयुक्त सचिव स्तर के अधिकारी ही इस पद के योग्य,,,
हरिद्वार।
उत्तराखंड शासन ने वक्फ बोर्ड के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) के अतिरिक्त पदभार में बदलाव करते हुए यह जिम्मेदारी अब मोहम्मद आरिफ को सौंप दी है। इस संबंध में अल्पसंख्यक कल्याण अनुभाग, उत्तराखंड शासन की ओर से आदेश जारी कर दिए गए हैं।
गौरतलब बात यह है कि शासन से हुई नियुक्ति को लेकर चर्चा यह भी शुरू हो गयी है कि जिस अधिकारी को मुख्यकार्यपालक अधिकारी की कमान सौंपी गयी है उसका पद अनुसचिव होने व ग्रेड पे 8700 न होने पर भी उनकी नियुक्ति कर दी गयी है जबकि वक्फ एक्ट के अनुसार शासन स्तर पर इस पद को भरने के लिये अन्य ज्वाइंट सेक्रेटरी स्तर के अधिकारी मौजूद है फिर भी मोहम्मद आरिफ को ही नियुक्त क्यों कर दिया गया इस बात की चर्चा जनता से लेकर अधिकारियों में भी व्याप्त हो रही है।
जारी शासनादेश के अनुसार, इससे पूर्व उत्तराखंड वक्फ बोर्ड के मुख्य कार्यपालक अधिकारी का अतिरिक्त प्रभार सैय्यद शिराज उस्मान, अधिशासी अभियंता, उत्तराखंड पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड, हरिद्वार (शहरी) के पास था, अब उस आदेश को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है।
नवीन आदेश के तहत मोहम्मद आरिफ, अनु सचिव, लोक आयुक्त कार्यालय उत्तराखंड (वर्तमान में अधिशासी अधिकारी, उत्तराखंड राज्य हज समिति) को आगामी आदेशों तक उत्तराखंड वक्फ बोर्ड, देहरादून के मुख्य कार्यपालक अधिकारी का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया है।
शासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस अतिरिक्त दायित्व के निर्वहन के लिए मोहम्मद आरिफ को किसी प्रकार का अतिरिक्त वेतन, मानदेय या भत्ता देय नहीं होगा। साथ ही उन्हें निर्देशित किया गया है कि वे तत्काल प्रभाव से पदभार ग्रहण करते हुए वक्फ बोर्ड से संबंधित कार्यों में अपने योगदान की आख्या शासन को उपलब्ध कराएं।

