संयुक्त मजिस्ट्रेट रुड़की दीपक रामचंद्र सेठ ने उर्स 758 वे की तैयारियों को लेकर लिया अधीनस्थों से फीडबैक,क्षेत्र में अवैध अतिक्रमण को लेकर उठ रहे सवाल,,,
रुड़की।
अनवर राणा।
दरगाह हजरत साबिर पाक के 758 वा सालाना उर्स/मेले की तैयारियों को लेकर कोतवाली परिसर में संयुक्त मजिस्ट्रेट रुड़की दीपक रामचंद्र सेठ और एसपी देहात शेखर चंद सुयाल की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। बैठक में उर्स के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक, पार्किंग, साफ-सफाई और जायरीनों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने को लेकर विस्तार से चर्चा की गई, अवैध अतिक्रमण को लेकर अधीनस्थों ने कोई कार्य योजना जॉइंट मजिस्ट्रेट को नहीं बताया ओर न ही पीपल चौक जीरो जॉन में यात्रियों के लिये बनने वाले अस्थायी रेन बसेरा की तरफ कोई ध्यान दरगाह प्रशासन ने दिया,ओर न ही उर्स के दौरान जनहित व जायरीनों के हित में क्षेत्र से हटने वाले अवैध अतिक्रमण की तरफ कोई चर्चा की गई जिसको लेकर सवाल उठ रहे है।
आयोजित बैठक में स्थानीय लोगों ने उर्स/मेले के दौरान हुड़दंगियों और असामाजिक तत्वों पर सख्त कार्रवाई, दरगाह क्षेत्र की टूटी सड़कों की मरम्मत, प्रसाद की दुकानों के ठेकों की प्रक्रिया समय से पूरी कराने तथा मेहंदी डोरी की रस्म के दौरान बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग रखी।संयुक्त मजिस्ट्रेट दीपक रामचंद्र सेठ ने बताया कि उर्स को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा, ट्रैफिक, पार्किंग, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, अस्थायी शौचालय, बैरिकेडिंग, स्वास्थ्य सेवाएं,अवैध अतिक्रमण, अग्निशमन, भीड़ नियंत्रण और आपदा प्रबंधन सहित सभी व्यवस्थाएं समय रहते पूरी कर ली जाएंगी। उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ जिम्मेदारी निभाने के निर्देश दिए।उन्होंने स्पष्ट किया कि उर्स के लिए लगाए जाने वाले जर्मन हैंगर केवल जायरीनों की सुविधा के लिए होंगे।उनमें किसी भी प्रकार के अन्य कार्यक्रम की अनुमति नहीं दी जाएगी।बैठक में सीओ भगवानपुर सुमित पांडेय, तहसीलदार एवं दरगाह प्रबंधक विकास अवस्थी, कोतवाली प्रभारी कमल मोहन भंडारी, एसएसआई राजेश बिष्ट, ईओ नगर पंचायत कुलदीप सिंह चौहान,,लेखाकार सद्दाम,सुपरवाइजर राव सिकंदर,सारिक नियाज़ी,इंतखाब आलम,अफजाल, असलम कुरैशी,चेयरमैन प्रतिनिधि सलीम अहमद,शफक्कत अली,असद मियां,हाजी सलीम अहमद सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और क्षेत्र के गणमान्य लोग मौजूद रहे।

