प्रेमनगर क्षेत्र में सड़क पर गाड़ी हटाने को लेकर हुआ विवाद देखते ही देखते मारपीट और दबंगई तक पहुंच गया,,,

प्रेमनगर क्षेत्र में सड़क पर गाड़ी हटाने को लेकर हुआ विवाद देखते ही देखते मारपीट और दबंगई तक पहुंच गया,,,

प्रेमनगर क्षेत्र में सड़क पर गाड़ी हटाने को लेकर हुआ विवाद देखते ही देखते मारपीट और दबंगई तक पहुंच गया,,,
देहरादून;
प्रेमनगर क्षेत्र में सड़क पर गाड़ी हटाने को लेकर हुआ विवाद देखते ही देखते मारपीट और दबंगई तक पहुंच गया। कंट्रोल रूम को फायरिंग की सूचना मिलने से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया, लेकिन पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सीसीटीवी फुटेज खंगाली तो फायरिंग की बात झूठी निकली। फुटेज में दो पक्षों के बीच मारपीट और एक युवक के हाथ में डंडा व दूसरे के हाथ में पिस्टल दिखाई दी। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल के निर्देश पर सार्वजनिक स्थानों पर हुड़दंग, दबंगई और कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ दून पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। इसी क्रम में प्रेमनगर पुलिस ने घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और आसपास के लोगों से पूछताछ कर घटना की वास्तविकता सामने लाई।
प्रेमनगर इंस्पेक्टर नरेश राठौड़ के नेतृत्व में पुलिस टीम ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर घटना में शामिल लोगों की पहचान शुरू की। स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के आधार पर झाझरा निवासी गौरव को हिरासत में लिया गया। पूछताछ में गौरव ने बताया कि वह एक निजी शिक्षण संस्थान की बस चलाता है और रात में अपने वाहन से मांडूवाला जा रहा था। नेक्स्ट हॉस्टल के पास सड़क पर एक फॉर्च्यूनर वाहन हाई बीम लाइट के साथ खड़ा था। हॉर्न देने के बावजूद वाहन नहीं हटाने पर दोनों पक्षों में विवाद हो गया।
पुलिस के मुताबिक, विवाद बढ़ने पर गौरव ने बस से डंडा निकालकर फॉर्च्यूनर चालक पर वार कर दिया। इसी दौरान फॉर्च्यूनर चालक का साथी भी मौके पर पहुंच गया। आरोप है कि दोनों युवकों ने पिस्टल दिखाकर गौरव को धमकाया और उसके साथ गाली-गलौच व मारपीट की।
पूछताछ में गौरव ने फॉर्च्यूनर सवार दोनों युवकों की पहचान नीरज राजपूत और मनीष नेगी के रूप में बताई। पुलिस को जानकारी मिली कि दोनों उपचार के लिए ग्राफिक एरा अस्पताल पहुंचे हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों को अस्पताल परिसर से गिरफ्तार कर लिया। उनके कब्जे से घटना में दिखाई गई लाइसेंसी .32 बोर पिस्टल और पांच जिंदा कारतूस बरामद किए गए।

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि मौके पर फायरिंग नहीं हुई थी। हालांकि, सार्वजनिक स्थान पर पिस्टल का प्रदर्शन, मारपीट और हुड़दंग कर लोगों में भय पैदा करने के मामले को पुलिस ने गंभीरता से लिया। तीनों आरोपियों के खिलाफ कोतवाली प्रेमनगर में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
इंस्पेक्टर नरेश राठौड़ ने बताया कि सार्वजनिक स्थान पर कानून व्यवस्था बिगाड़ने, मारपीट करने व लाइसेंसी हथियार का दुरुपयोग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। घटना में प्रयुक्त लाइसेंसी पिस्टल के लाइसेंस के निरस्तीकरण की रिपोर्ट जिलाधिकारी को भी भेजी गई है। गिरफ्तार आरोपियों को समय से न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा।
गिरफ्तार आरोपी…..
1:- गौरव पुत्र ललित सिंह, निवासी चंदन की पुलिया, वार्ड नंबर 9, कोतवाली प्रेमनगर, देहरादून, उम्र 30 वर्ष।
2:- मनीष नेगी पुत्र पीतांबर सिंह, निवासी मांडूवाला, कोतवाली प्रेमनगर, देहरादून, उम्र 31 वर्ष।
3:- नीरज राजपूत पुत्र महावीर सिंह, निवासी भाऊवाला, थाना सेलाकुई, उम्र 40 वर्ष।
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम….
एसएसआई मुकेश थलेड़ी, कोतवाली प्रेमनगर; अमित शर्मा, चौकी प्रभारी झाझरा; जैनेन्द्र राणा, चौकी प्रभारी बिधौली; उपनिरीक्षक जितेंद्र कुमार; उपनिरीक्षक नौशाद अंसारी; कांस्टेबल संदीप, कांस्टेबल अनीस, कांस्टेबल संजय व कांस्टेबल जगजोत।

उत्तराखंड