उर्स में सफाई व्यवस्था चौपट, जगह जगह लगे गन्दगी के ढेर,,

उर्स में सफाई व्यवस्था चौपट, जगह जगह लगे गन्दगी के ढेर,,

उर्स में सफाई व्यवस्था चौपट, जगह जगह लगे गन्दगी के ढेर,,
कलियर।
साबिर पाक के सालाना उर्स मेले में सफाई और व्यवस्थाओं को लेकर किए गए बड़े-बड़े दावों की पोल खुलती नजर आई । उर्स शुरू होने से पहले मेला क्षेत्र को चाक-चौबंद रखने और बेहतर सफाई व्यवस्था के दावे किए गए थे, लेकिन उर्स के दौरान जगह-जगह अव्यवस्थाओं का बोलबाला दिखाई दिया। सफाई व्यवस्था और यातायात व्यवस्था को लेकर जायरीन परेशान नजर आए।
रुड़की रोड के किनारे जगह-जगह कूड़े के बड़े-बड़े ढेर लगे हुए हैं। कूड़े से उठ रही दुर्गंध के कारण सड़क से गुजरना तक मुश्किल हो रहा है। बारिश के बाद स्थिति और खराब हो गई है। सड़कों पर कीचड़ और जगह-जगह जमा गंदगी ने जायरीनों की परेशानी बढ़ा दी है। उर्स में शामिल होने के बाद अब जायरीनों के लौटने का सिलसिला लगातार जारी है,लेकिन उन्हें गंदगी और अव्यवस्थाओं के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है।जायरीनों का कहना है कि उर्स मेले से पहले प्रशासन की ओर से व्यवस्थाओं को लेकर बड़े-बड़े दावे किए गए थे,लेकिन मौके पर स्थिति इसके बिल्कुल उलट नजर आई। सफाई व्यवस्था के नाम पर जगह-जगह कूड़े के ढेर दिखाई दे रहे हैं। बारिश के कारण कीचड़ और गंदगी से हालात और बदतर हो गए हैं।उर्स मेले की व्यवस्था के लिए ठेके छोड़े गए थे, लेकिन ठेके छोड़े जाने के बावजूद मेला क्षेत्र में गंदगी के ढेर लगे होना ठेकेदारों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहा है।स्थानीय लोगों और जायरीनों का आरोप है कि यदि नियमित रूप से कूड़ा उठाया जाता और सफाई कराई जाती तो सड़क किनारे इस तरह गंदगी के ढेर नहीं लगते। वहीं यातायात व्यवस्था चरमराने से भी जायरीनों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। उर्स मेले में लाखों की संख्या में जायरीन पहुंचते हैं। ऐसे में सफाई, जल निकासी और यातायात जैसी मूलभूत व्यवस्थाओं में लापरवाही से प्रशासन के दावों पर सवाल खड़े होना स्वाभाविक है। जायरीनों ने मेला क्षेत्र में तत्काल सफाई व्यवस्था दुरुस्त कराने और सड़कों के किनारे जमा कूड़े को हटाने की मांग की है।

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