रुड़की;
हत्या के प्रयास के मुकदमे में वांछित चल रहे 19 वर्षीय आरोपी को गंगनहर पुलिस ने आखिरकार दबोच लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 315 बोर का अवैध तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने पुरानी कहासुनी की रंजिश में युवक को जान से मारने की नीयत से गोली चलाई थी। गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा की बढ़ोतरी भी की गई है।
एसपी देहात अभय सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में खुलासा करते हुए बताया कि 30 सितंबर को वादी विशाल पुत्र प्रवीण कुमार निवासी पनियाला चंदापुर, कोतवाली गंगनहर ने अज्ञात अभियुक्तों के खिलाफ जान से मारने की नीयत से फायर करने के संबंध में तहरीर दी थी। मामले में कोतवाली गंगनहर पर मुकदमा दर्ज किया गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के निर्देश पर पुलिस टीम का गठन कर आरोपियों की तलाश शुरू की गई।
पुलिस टीम ने सुरागरसी और मुखबिर की सूचना के आधार पर मुकदमे से संबंधित आरोपी साहिब पुत्र दिलदारा निवासी पनियाला चंदापुर, कोतवाली गंगनहर, जिला हरिद्वार, उम्र 19 वर्ष को को गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से एक अदद तमंचा 315 बोर व एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ।
पूछताछ में आरोपी साहिब ने पुलिस को बताया कि 28 सितंबर को दिन में विशाल और उसके भाइयों के बीच मेले में कहासुनी व हाथापाई हुई थी, जिसमें उसके भाई को चोट भी आई थी। इसी दौरान उसके साथ भी गाली-गलौज की गई थी। बाद में विशाल की गाड़ी उसके सामने से आई। सड़क पर चाउमीन का ठेला खड़ा होने के कारण गाड़ी धीमी हुई और विशाल उसके सामने आ गया। इसी दौरान गुस्से में आकर उसने तमंचे से विशाल को जान से मारने की नीयत से गोली चला दी और मौके से फरार हो गया। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी को माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। मामले में अन्य तथ्यों की भी जांच की जा रही है।
इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका….
पूरी कार्रवाई प्रभारी निरीक्षक कोतवाली गंगनहर मणिभूषण श्रीवास्तव के नेतृत्व में की गई। पुलिस टीम में एसएसआई धर्मेन्द्र राठी, उपनिरीक्षक संतोष सेमवाल, हेडकांस्टेबल अरविन्द कुमार, कांस्टेबल नितिन, कांस्टेबल प्रभाकर, कांस्टेबल संजय, कांस्टेबल देवेश, कांस्टेबल आशीष शर्मा (सीआईयू रुड़की) व कांस्टेबल महीपाल (सीआईयू रुड़की) शामिल रहे।

