कलियर–सोहलपुर मार्ग पर खनन सामग्री से भरे भारी डंपरों के अनियंत्रित आवागमन से उपजी गंभीर समस्याओं को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों का आक्रोश दिया ज्ञापन,,,

कलियर–सोहलपुर मार्ग पर खनन सामग्री से भरे भारी डंपरों के अनियंत्रित आवागमन से उपजी गंभीर समस्याओं को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों का आक्रोश दिया ज्ञापन,,,

कलियर–सोहलपुर मार्ग पर खनन सामग्री से भरे भारी डंपरों के अनियंत्रित आवागमन से उपजी गंभीर समस्याओं को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों का आक्रोश दिया ज्ञापन,,,
कलियर:
कलियर–सोहलपुर मार्ग पर खनन सामग्री से भरे भारी डंपरों के अनियंत्रित आवागमन से उपजी गंभीर समस्याओं को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों का आक्रोश सामने आया है। क्षेत्र में बढ़ते धूल प्रदूषण, यातायात अव्यवस्था और दुर्घटनाओं की आशंका को लेकर जनप्रतिनिधियों ने थानाध्यक्ष कलियर के नाम एक ज्ञापन एसएसआई को सौंपते हुए तत्काल प्रभाव से कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन में जनप्रतिनिधियों ने अवगत कराया कि कलियर–सोहलपुर मार्ग पर खनन सामग्री (रेत व मिट्टी) से लदे भारी डंपर दिन-रात बिना किसी नियंत्रण के संचालित हो रहे हैं। इन डंपरों के कारण पूरे क्षेत्र में अत्यधिक धूल उड़ रही है, जिससे आम नागरिकों, दुकानदारों और राहगीरों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
बताया गया कि उड़ती धूल के चलते दुकानों में रखा सामान खराब हो रहा है, वहीं क्षेत्रवासियों को सांस संबंधी बीमारियां, आंखों में जलन, एलर्जी जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इसके अलावा डंपरों की आवाजाही से दोपहिया वाहन चालकों और पैदल चलने वालों की जान हर समय खतरे में बनी रहती है।
ज्ञापन में यह भी बताया गया कि ये मार्ग घनी आबादी वाला क्षेत्र है और आम नागरिकों के आवागमन का एकमात्र प्रमुख मार्ग है। इसी रास्ते से प्रतिदिन छोटे-छोटे स्कूली बच्चे, बुजुर्ग और मरीज आते-जाते हैं, लेकिन इसके बावजूद तेज गति, ओवरलोडिंग और लापरवाही से भारी डंपर चलाए जा रहे हैं। लगातार भारी वाहनों के संचालन से सड़क भी क्षतिग्रस्त हो रही है, जिससे किसी भी समय गंभीर दुर्घटना या जनहानि की आशंका बनी हुई है।
जनप्रतिनिधियों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, तो किसी भी बड़ी दुर्घटना की स्थिति में इसकी संपूर्ण जिम्मेदारी संबंधित विभागों की होगी। उन्होंने मांग की कि खनन सामग्री से भरे डंपरों का रूट तत्काल प्रभाव से बदला जाए, उन्हें आबादी वाले क्षेत्र से बाहर किया जाए तथा इस मार्ग पर भारी वाहनों के आवागमन पर सख्त रोक लगाई जाए। इस दौरान सभासद अमजद मलिक, मौ. दिलबाग, राशिद रईस, राशिद अली, डॉ शहजाद, इसरार शरीफ, राकिब, चौ. गुलजार आदि मौजूद रहे।

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