भगवान विश्वकर्मा निर्माण का देवता व देवताओं का शिल्पकार कहा जाता है,,,पुष्कल सुभारती
रुड़की/कलियर(अनवर राणा):जिले भर के प्रशिक्षण संस्थानों, इंजीनियरिंग कालेजाें और औद्योगिक संस्थानों में विश्वकर्मा जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस मौके पर संस्थानों में हवन पूजन के बाद सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया।
पिरान कलियर बेड़पुर चौक स्थित सुभारती महाविद्यालय व सुभारती आई टी आई सहित आईपीएस कॉलेज में भी हवन पूजन कर विश्वकर्मा जयंती को हर्षोल्लास के साथ मनाया गई, इस दौरान कॉलेज के शिक्षक और छात्रों ने भगवान विश्वकर्मा के चित्र पर पुष्प अर्पित कर भगवान श्री विश्वकर्मा की पूजा की, कॉलेज के चेयरमैन पुष्कल नाज्ञान ने भगवान श्री विश्वकर्मा के बारे मे विस्तार से जानकारी दी और छात्रों को उनके मार्गदर्शन पर चलने की नसीहत दी। पुष्कल नाज्ञान ने कहा भगवान विश्वकर्मा को निर्माण का देवता माना जाता है,भगवान विश्वकर्मा को ‘देवताओं का शिल्पकार’, ‘वास्तुशास्त्र का देवता’, ‘प्रथम इंजीनियर’, ‘देवताओं का इंजीनियर’ और ‘मशीन का देवता’ कहा जाता है। भगवान विश्वकर्मा ने देवताओं के लिए अनेकों भव्य महलों, आलीशान भवनों, हथियारों और सिंघासनों का निर्माण किया।इस मौके पर महाविद्यालय व सुभारती परिवार के समस्त कर्मचारी व स्टाफ मौजूद रहे।

